2025-02-21
HaiPress
तीसरी किडनी देवेंद्र की मौजूदा और दो ट्रांसप्लांट किडनी के बीच लगाई गई है.
नई दिल्ली:
47 साल के देवेंद्र बारलेवार के शरीर में कुल पांच किडनी हैं. इस बात पर आपकोयकीन करना मुश्किल हो जाएगा,मगर ये सच है. पांच में से उनकी सिर्फ एक किडनी ही काम करती है.केंद्रीय रक्षा मंत्रालय में कार्यरतबारलेवार का तीन बारकिडनी ट्रांसप्लांट हो चुका है.TOI में छपी के खबर के अनुसार,बारलेवार लंबे समय से क्रोनिक किडनी रोग (सीकेडी) से ग्रस्त थे और उन्हें समय-समय पर डायलिसिस की जरूरत पड़ रही थी. ऐसे में साल 2010 में डॉक्टरों नेबारलेवार का सबसे पहला किडनी ट्रांसप्लांट किया था.उन्हें पहली किडनी उनकी मां से मिली थी. येकिडनी ट्रांसप्लांट सफल रहा था औरलगभग एक साल उन्हेंडायलिसिस की जरूरत नहीं पड़ी.
अमृता अस्पताल में वरिष्ठ सलाहकार और यूरोलॉजी के प्रमुख डॉ अनिल शर्मा ने इस साल जनवरी में किडनी का सफलट्रांसप्लांट किया. करीब 10 दिन बादबारलेवार को अस्पताल से छुट्टी भी मिल गई. अब उनकी किडनी सामान्य रूप से काम कर रही थी.डॉक्टरों के अनुसार दान की गई तीसरी किडनीबारलेवार की खुद की किड़नी औरअन्य ट्रांसप्लांट किडनी के बीच दाईं ओर लगाई गई है.
बारलेवार का वजन अब 44 किलोग्राम है और उन्हें अब डायलिसिस नहीं करवाना होगा. तीन महीने के आराम के बाद,वे नियमित कार्य फिर से शुरू कर सकते हैं.डॉ. शर्मा ने इसट्रांसप्लांट कोचुनौती भरा बताया. TOI से बात करते हुएडॉ. शर्मा ने कहा कि लंबे समय तक चलने वाली क्रोनिक किडनी की बीमारी और असफल ट्रांसप्लांट होने के चलते मरीज के लिए अंग अस्वीकृति का जोखिम बढ़ जाता है. पहले से चार किडनी होने के बाद पांचवीं कोलगा काफी मुश्किल था.योजना के साथ पांचवीं किडनी लगाई गई.
किडनी लगने से अब बारलेवार ने एक बार फिर राहत की सांस ली है. बारलेवार कासौभाग्य है कि उन्हें एक नहीं बल्कि तीन बार किडनी मिली है. क्योंकि अधिकांश लोगों के लिए एक किडनी पाना भीचुनौतीपूर्ण होता है.